ऑफिस फ्रेंड शिखा को ठोका

हेलो दोस्तों मेरा नाम रोहन है और मैं एक MNC में मैनेजर हूँ.
मेरी प्रोजेक्ट में एक नयी लड़की ने ज्वाइन किया उसका नाम शिखा है. शिखा २३ साल की जवान लड़की थी. मेरी नजर उसपर देखते ही ठहर गयी, क्युकी उसका फिगर (४०-३२-४०)बहुत ही मस्त था. तरबूज के जैसे बड़ी बड़ी भरी हुई चूचियां और बाहर निकली हुई चौड़ी गांड मुझे दीवाना बना देती है. ऑफिस में जब वो शर्ट और पैंट पहन कर अति तो कयामत लगती थी. ऐसा लगता शर्ट के अंदर दो पहाड़ कैद है. सीने का बड़ा उभार देखकर कोई भी उसकी चूचियों के साइज का पता लगा सकता है. मैं हमेशा उसकी चूचियों को दबाने और चूसने के सपने देखता था.
मैं उसको धीरे धीरे पटाने लगा. और वो भी मुझे पसंद करने लगी. मैंने उसे आई लव यू बोल दिया. अब वो मेरी गर्लफ्रेंड है. एक बार उसके फ्लैमटेस नहीं थे तो उसने मुझे अपने फ्लैट में बुलाया. मैं सोच कर गया था की साली को आज चोदकर रहूँगा.
वहाँ पंहुचा तो देखा शिखा ने एक टाइट टीशर्ट और एक छोटी सी निकर पहनी थी. उसकी गोरी गोरी नंगी टाँगे मस्त सेक्सी लग रही थी. टीशर्ट काफी टाइट थी, उसकी चूचियां आज ज्यादा ही बड़ी लग रही थी और बहुत बाउंस हो रही थी. साली ने ब्रा नहीं पहना था. और उसकी भारी गांड शार्ट पैंट में बहुत ही कसी हुई और चौड़ी लग रही थी.
मैंने शिखा को अपनी गोद में बैठा लिया और किश करने लगा. शिखा ने भी मस्त स्मूच दिया. मेरा हाथ उसके बदन में घूम रहे थे. अब मैंने शिखा की चूचियों को थोड़ा दबा दिया… उसकी आहे निकल आयी

शिखा: आआह्ह्ह्ह सर … ये क्या कर रहे है
मैं: शिखा मेरी जान… आज मैं तेरे बदन का पूरा मजा लूँगा

मैं उसकी बड़ी बड़ी चूचियों को पकड़ कर दबाने लगा. उसकी चूचियां मेरे हाथो में नहीं आ रही थी. बहुत ही सॉफ्ट और भरे हुई माम्मे थे. मैंने उसकी टीशर्ट उतार दी. दो फुटबॉल जैसे कबूतर हवा में उछलने लगा. मैंने चूचियों को खूब दबाया और चूसा. फिर मैंने शिखा की निकर भी उतार दी और उसकी मोटी मोटी नंगी टांगो को खूब चूमा. अब वो काफी उत्तेजित हो गयी थी. फिर मैंने उसकी पैंटी भी उतार दी. अब उसकी सुन्दर और चिकनी बूर मेरी आँखों के सामने थी.मैं उसकी बूर को चाटने लगा. तब मुझे पता चला की वो वर्जिन माल है. शिखा काफी एक्ससिटेड हो गयी थी और चुदने के लिए मचल रही थी..

शिखा: उईईईईई …. अह्हह्ह्ह्ह सर… प्लीज चोद डालिये मुझे…
मैं: ओह्ह्ह्ह मेरी जान… मेरा लंड भी तेरी बूर में जाने के लिए बेताब है….

मैंने अपना लंड शिखा की बूर में पेल दिया. लंड का सुपाड़ा उसकी बूर को चीरता हुआ अंदर चला गया… शिखा बहुत जोर चिल्लाई … उईईईईई माँ …. उउउउउउ मर गयी. पर मैंने लंड घुसाना नहीं रोका और २-३ दमदार शॉट्स से अपना ८” का लौड़ा शिखा की बूर में पूरा पेल दिया. शिखा की बूर अब फट चुकी थी और ब्लड भी निकल रहा था… थोड़ी देर बार मैं धीरे धीरे शिखा को चोदने लगा.. शिखा को भी मजा आने लगा और वो भी उछल उछल कर चुदवा रही थी…

शिखा: आह्ह्ह्हह्ह्ह्हह सर…. मजा आ रहा है… ऐसे ही चोदते रहिये..
मैं: ओह्ह्ह्हह्ह शिखा जब से तेरा बदन देखा है मेरा लंड तुझे चोदने के लिए बेक़रार है
शिखा: उईईईईई उउउउउउउ ….. फिर निकाल लीजिये सारी हवस और भोग लीजिये मेरा गदराया बदन
मैं: आअह्ह्ह्हह शिखा… क्या बदन है जानेमन… इतनी बड़ी गांड और पहाड़ जैसी चूचियां … बहुत मजा आ रहा है तुझे चोदकर..

मेरा लंड ताबड़तोड़ शिखा की बूर चोद रहा था. और मैं उसकी चूचियों को दबा दबा कर चूस रहा था. पूरा रूम हमारी चुदाई की मधुर संगीत से गूँज रहा था. उसकी चूचियां हर शार्ट के साथ उछल रही थी जिसे दबा कर चोदने में बहुत मजा आ रहा था… मैंने १ घंटे शिखा को बुरी तरह चोदा और हमदोनो क्लाइमेक्स की तरफ पहुंच गए.

शिखा: आअह्ह्ह्ह ,,,,ओह्ह्ह्हह सर और तेज मारिये मेरी बूर…
मैं: ओह्ह्ह्हह शिखा….. येले साली खा ले मेरा पूरा लंड… आअह्ह्ह्ह डार्लिंग आज से तुम मेरी रंडी बन कर रहोगी…
शिखा: ओह्ह्ह्हह्ह सर … मैं आपकी रंडी हूँ… प्लीज और तेज चोदिये मुझे और झाड़ दीजिये मेरी चुत

मैं और शिखा बहुत तेजी से एक दूसरे को चोदने लगे… मेरा लंड दनादन शिखा की बूर चोद रहा था… मैं शिखा की बड़ी बड़ी उछलती चूचियों को दबा दबा कर चोद रहा था.. और घमासान चुदाई के बाद हमदोनो झड गए.. मैंने अपना पूरा मूठ शिखा की बूर में ही डाल दिया.

Comments